विक्रम विश्वविद्यालय के आईआईपीएस के विद्यार्थियों ने अडानी हजीरा पोर्ट और विल्मर का औद्योगिक भ्रमण किया
उज्जैन। विक्रम विश्वविद्यालय के इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ प्रोफेशनल स्टडीज (आईआईपीएस) के विद्यार्थी हाल ही में अदानी हजीरा पोर्ट (सूरत) और विल्मर इंडस्ट्रियल विजिट पर गए और वहां से लौटे। यह भ्रमण आईआईपीएस विभाग द्वारा आयोजित किया गया था, जिसे छात्रों के लिए औद्योगिक अनुभव प्राप्त करने का एक महत्वपूर्ण अवसर माना गया। गत वर्ष भी विभाग द्वारा गुजरात के अदानी के मुंद्रा पोर्ट (कच्छ) का दौरा कराया गया था।
हाजिर पोर्ट के हेड श्री नीरज बंसल ने विद्यार्थियों को पोर्ट की कार्यप्रणाली के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि अडानी हजीरा पोर्ट, गुजरात के सूरत के पास स्थित एक बहुउद्देशीय बंदरगाह है, जिसे अडानी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक ज़ोन लिमिटेड (APSEZ) द्वारा संचालित किया जाता है। इस बंदरगाह में 6 ऑपरेटिंग बर्थ हैं, जिनकी कुल वार्षिक क्षमता 30 मिलियन टन है। श्री बंसल ने बताया कि APSEZ भारत में सबसे बड़ा वाणिज्यिक बंदरगाह संचालक है और इसका उद्देश्य भारतीय समुद्री वाणिज्य के लिए एक उच्च-प्रदर्शन इंफ्रास्ट्रक्चर प्रदान करना है।
इसके बाद, विद्यार्थियों ने विल्मर प्लांट का दौरा भी किया, जहां विल्मर प्लांट के हेड श्री प्रमोद कुमार ने विद्यार्थियों को कंपनी के कार्यों के बारे में जानकारी दी। श्री कुमार ने बताया कि अडानी विल्मर लिमिटेड एक भारतीय बहुराष्ट्रीय खाद्य और पेय समूह है, जो अडानी एंटरप्राइजेज और विल्मर इंटरनेशनल के बीच एक संयुक्त उद्यम है। यह कंपनी भारत का सबसे बड़ा पाम ऑयल प्रोसेसर है।
हाजिर पोर्ट के प्रोजेक्ट ऑफिसर श्री नरेश चिलुका ने पूरे भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को बड़ी बारीकी से समझाया और उनके सवालों का समाधान किया।
यह विक्रम विश्वविद्यालय के आईआईपीएस विभाग द्वारा आयोजित दूसरे इतनी बड़ी इंडस्ट्रियल विजिट का हिस्सा था। विभाग के निदेशक डॉ. एस. के. मिश्रा ने बताया कि हर वर्ष दो इंडस्ट्रियल विजिट का आयोजन किया जाता है, जिसमें से एक कंपनी मध्य प्रदेश के बाहर की होती है। इस वर्ष अडानी के हजीरा पोर्ट और विल्मर पर 56 विद्यार्थियों का समूह टीम समन्वयक डॉ. टीना यादव और सुनील मालवीय के साथ गया। विद्यार्थियों ने इस दौरे का पूरा लाभ उठाया और कई नई-नई चीजें सीखी।
औद्योगिक भ्रमण के पश्चात, अदानी ग्रुप की तरफ से विद्यार्थियों को सर्टिफिकेट भी प्रदान किए गए। इस प्रकार के औद्योगिक दौरे विद्यार्थियों को नौकरी के लिए अधिक योग्य बनाते हैं और उन्हें बेहतर नौकरी के अवसर प्राप्त करने में मदद करते हैं।
आईआईपीएस विभाग ने आगे भी बड़ी-बड़ी कंपनियों में विद्यार्थियों के औद्योगिक भ्रमण का आयोजन करने का वादा किया है, ताकि विद्यार्थियों को उद्योग से जुड़े अनुभव मिलते रहें और वे अपने करियर में सफलता प्राप्त कर सकें।
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